उत्तराखंड अपनी स्थापना के 25वें वर्ष में प्रवेश कर चुका है और यह पड़ाव राज्य के लिए केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि एक नई दिशा तय करने का समय है। देहरादून के राजपुर रोड पर आयोजित ‘जागरण फोरम’ में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने देवभूमि की विकास यात्रा को ‘उत्साहजनक’ बताते हुए इसे भौतिक प्रगति और आध्यात्मिक चेतना का अद्भुत संगम करार दिया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की प्रगति में ‘सत्यम, शिवम और सुंदरम’ का भाव समाहित है।
पर्यावरण और विकास का अनूठा मॉडल: उपराष्ट्रपति ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि उत्तराखंड देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जिसने सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के साथ-साथ सकल पर्यावरण उत्पाद (GEP) की अवधारणा को अपनाया है। उन्होंने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा, जैविक कृषि, आयुष और स्टार्टअप के क्षेत्र में राज्य ने जो मुकाम हासिल किया है, वह अन्य राज्यों के लिए मिसाल है। उन्होंने याद दिलाया कि राज्य निर्माण के समय संसद सदस्य के रूप में उन्होंने भी इस राज्य के गठन के पक्ष में मतदान किया था, जिससे उनका जुड़ाव काफी पुराना है।
सुरक्षा और सैन्य परंपरा: उत्तराखंड को ‘रणबांकुरों की भूमि’ बताते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा में यहाँ का योगदान अतुलनीय है। राज्य के सीमांत गांव केवल मानचित्र के बिंदु नहीं हैं, बल्कि वे देश की शक्ति और दृढ़ता की पहली पंक्ति हैं। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने भी राज्य की सैन्य विरासत और योग-वेलनेस से बनी नई वैश्विक पहचान की सराहना की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उपराष्ट्रपति की जीवन यात्रा को युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताया। फोरम में यह निष्कर्ष निकला कि आगामी 25 वर्षों में उत्तराखंड को सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी के साथ-साथ ‘हरित विकास’ का वैश्विक केंद्र बनाया जाएगा। दैनिक जागरण समूह के प्रबंध संपादक तरुण गुप्त ने भी रेखांकित किया कि सतत प्रगति तभी संभव है जब हम स्थानीय भावनाओं और पारंपरिक ज्ञान का सम्मान करें।
परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (Q&A)
प्रश्न 1: उत्तराखंड देश का पहला ऐसा राज्य है जिसने GDP के साथ किस नई अवधारणा को अपनाया है? उत्तर: सकल पर्यावरण उत्पाद (GEP – Gross Environment Product)।
प्रश्न 2: जागरण फोरम देहरादून में उत्तराखंड की विकास यात्रा के लिए उपराष्ट्रपति ने किन तीन शब्दों का प्रयोग किया? उत्तर: सत्यम, शिवम और सुंदरम।
प्रश्न 3: उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने मीडिया से युवाओं के बीच किस तरह की कहानियों को प्रसारित करने का आग्रह किया? उत्तर: रचनात्मक और प्रेरणादायक कहानियाँ (Creative and Inspirational stories)।
प्रश्न 4: उत्तराखंड को ‘तप, साधना और सैन्य परंपराओं की भूमि’ किसने कहा? उत्तर: राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि)।
